20.06.2026 : माननीय राज्यपाल श्री ओम प्रकाश माथुर ने आज भारत-चीन सीमा पर स्थित नाथू ला दर्रे से कैलाश मानसरोवर यात्रा 2026 के तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
माननीय राज्यपाल श्री ओम प्रकाश माथुर ने आज भारत-चीन सीमा पर स्थित नाथू ला दर्रे से कैलाश मानसरोवर यात्रा 2026 के तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
यात्रियों को रवाना करने से पहले, एक कार्यक्रम के अंतर्गत राज्यपाल महोदय ने व्यक्तिगत रूप से जत्थे के सभी तीर्थयात्रियों से संवाद किया। उन्होंने कठिन चढ़ाई और मौसम की चुनौतियों के लिए यात्रियों का उत्साहवर्धन किया और सभी यात्री को सुरक्षित व सफल यात्रा के लिए अपनी हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
राज्यपाल महोदय ने विशेष जोर देते हुए कहा कि यह यात्रा देश की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत को जोड़ने वाला एक पवित्र माध्यम है।
इस जत्थे में कुल 44 सदस्य शामिल हैं, जिनमें भारत के विभिन्न राज्यों का प्रतिनिधित्व करने वाले तीर्थयात्री,संपर्क अधिकारी और चिकित्सा अधिकारी शामिल हैं।
इसी यात्रा के दौरान, राज्यपाल महोदय ने 12,400 फीट की ऊंचाई पर स्थित अगाध आस्था के केंद्र बाबा हरभजन सिंह मंदिर का भी दौरा किया जहाँ उन्होंने माथा टेका और देश व सिक्किम की सुख-शांति, समृद्धि की प्रार्थना की। इसके साथ ही राज्यपाल महोदय ने मंदिर परिसर का निरीक्षण किया और परिसर के रख-रखाव की सराहना की।
राज्यपाल महोदय के मार्गदर्शन में इस परिसर के विकास के लिए व्यापक कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व फंड जुटाया गया है। इस विज़न के तहत, सीमावर्ती क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और पर्यटन सुविधाओं को विश्वस्तरीय बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण परियोजनाएं शुरू की गई हैं।
इन सीएसआर पहलों के माध्यम से नाथू ला, बाबा हरभजन सिंह मंदिर, चोला, सिक्किम प्रेरणा स्थल और डोका ला जैसे रणनीतिक और ऐतिहासिक स्थलों पर पर्यटकों व तीर्थयात्रियों के लिए आधुनिक सुविधाएं, विश्राम गृह आदि ढांचों का बड़े पैमाने पर विकास किया जा रहा है।
नाथू ला दर्रे पर सुबह आयोजित समारोह में मीडिया और तीर्थयात्रियों को संबोधित करते हुए राज्यपाल ने कहा कि ऐतिहासिक नाथू ला मार्ग से पवित्र कैलाश मानसरोवर यात्रा की निरंतरता का साक्षी बनना सौभाग्य है। माउंट कैलाश हमारी अटूट आस्था का प्रमुख केंद्र है।
इस कार्यक्रम में सिक्किम सरकार के पर्यटन एवं नागरिक उड्डयन मंत्री श्री टीटी भूटिया, विभाग के आयुक्त सह सचिव श्री राज यादव, GOC ब्लैक कैट डिविजन ,मेजर जनरल आशीष नेगी, वीएसएम, कमांडेंट, 63 बटालियन ,भारत-तिब्बत सीमा पुलिस, श्री राधे श्याम,
वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और भारतीय सेना व भारत-तिब्बत सीमा पुलिस के उच्च पदस्थ अधिकारी उपस्थित रहे।