14.01.2026 : सिक्किम के माननीय राज्यपाल श्री ओम प्रकाश माथुर ने अपने जोरथांग प्रवास के दूसरे दिन 71वें माघे संक्रांति मेले के उद्घाटन में शामिल हुए
सिक्किम के माननीय राज्यपाल श्री ओम प्रकाश माथुर ने अपने जोरथांग प्रवास के दूसरे दिन 71वें माघे संक्रांति मेले के उद्घाटन में शामिल हुए, इस अवसर पर माननीय मुख्यमंत्री श्री प्रेम सिंह तामांग, मंत्रिमंडल के सदस्यगण, वरिष्ठ अधिकारीगण, स्थानीय जनप्रतिनिधि, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि तथा श्रद्धालु समुदाय बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
राज्यपाल महोदय ने प्रातः सर्वप्रथम स्थानीय त्रिकालेश्वर मंदिर में पूजा-अर्चना की और राज्यवासियों की सुख-समृद्धि तथा राज्य की निरंतर प्रगति की कामना की। इस धार्मिक अनुष्ठान में माननीय मुख्यमंत्री, मंत्रिमंडल के सदस्य और श्रद्धालुजन भी सम्मिलित हुए, जिससे आस्था और विकास का प्रेरक संदेश प्रसारित हुआ।
इसके उपरांत राज्यपाल महोदय ने सड़क सुरक्षा जागरूकता अभियान के अंतर्गत मोटरसाइकिल रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को सड़क सुरक्षा उपायों का संकल्प दिलाया और यातायात नियमों के पालन की महत्ता पर बल दिया।
इसी कड़ी में, आज जोरथांग सब डिविजन ऑफिस का उद्घाटन भी राज्यपाल महोदय द्वारा किया गया। इस केंद्र के माध्यम से प्रशासनिक सेवाओं की सुगमता को और सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में उल्लेखनीय पहल करते हुए राज्यपाल महोदय ने माननीय मुख्यमंत्री सहित टीबी कार्यक्रम के अंतर्गत नई एम्बुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसी कड़ी में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, जोरथांग में 7-बेडेड डायलिसिस यूनिट का उद्घाटन किया गया, जिससे गंभीर रोगियों को स्थानीय स्तर पर जीवन-रक्षक सुविधा उपलब्ध हो सके।
इसके अलावा आज खेल एवं युवा मामलों के क्षेत्र में प्रोत्साहन देते हुए राज्यपाल महोदय ने ‘खेलो इंडिया’ के अंतर्गत बहुउद्देशीय इनडोर जिम्नेज़ियम हॉल का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने माननीय मुख्यमंत्री के साथ बैडमिंटन भी खेला जो मुख्य आकर्षण का विषय बना।
वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के अंतर्गत आयोजित 15वें सिक्किम SARAS मेले का उद्घाटन भी राज्यपाल महोदय द्वारा किया गया। इसमें विभिन्न स्टॉलों को रखा गया है जो स्थानीय उद्यमियों को गुणवत्ता और नवाचार की दिशा में आत्मनिर्भरता का संदेश दे रहा है।
इस अवसर की विशेषता यह रही कि उद्घाटन कार्यक्रम में विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों द्वारा प्रार्थना-अर्चना की गई, जिससे सिक्किम की बहुधार्मिक एवं बहुसांस्कृतिक परंपरा का सजीव प्रदर्शन हुआ।